वाराणसी : एक ऐसी मां दुर्गा की प्रतिमा, जिसे नहीं किया जा सकता टस से मस

वाराणसी : एक ऐसी मां दुर्गा की प्रतिमा, जिसे नहीं किया जा सकता टस से मस

वाराणसी 

भले ही आपको यह अजीब लगे लेकिन ये सच है। उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले में एक ऐसी माँ दुर्गा की प्रतिमा है जो 1767 में स्थापित की गई थी लेकिन इसे आज तक विसर्जित नहीं किया जा सका है। यह प्रतिमा भक्तों की आस्था का प्रतीक बन गई है। 

कहा जाता है कि सन 1767 में स्थापित एक दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन इसलिए नहीं हो सका कि प्रतिमा को उसके स्थान से उठाया नहीं जा सका।। विसर्जन के समय प्रतिमा हिलाने का पुरजोर प्रयास होता है, मगर वह टस से मस नहीं होतीं।

इस प्रतिमा को जमींदार परिवार के काली प्रसन्न मुखर्जी बाबू ने मदनपुरा क्षेत्र में गुरुणेश्वर महादेव मंदिर के निकट दुर्गा पूजा का आरंभ करते हुए स्थापित की थी। विसर्जन की बेला में दर्जनों लोगों ने प्रयास किया मगर प्रतिमा नहीं उठी। अंतत: उसे वहीं छोडऩा पड़ा। रात में परिवार के मुखिया को स्वप्न आया कि मुझे विसर्जित मत करो, मैं यहीं रहूंगी। तब से प्रतिमा उसी स्थान पर है।

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